देहरादून। उत्तराखंड विधानसभा का मानसून सत्र मंगलवार से शुरू हो रहा है। पहले दिन सदन पूर्व कैबिनेट मंत्री चंदन राम दास के निधन पर शोक व्यक्त करेगा और उन्हें श्रद्धांजलि देगा। सत्र के दूसरे दिन हंगामा होने के आसार हैं। सत्ता पक्ष को सदन के भीतर और बाहर आपदा, अतिक्रमण, लोकायुक्त समेत कई अन्य मुद्दों पर विपक्ष के तीखे तेवरों का सामना करना पड़ सकता है।
सोमवार को विधानमंडल भवन में विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण की अध्यक्षता में हुई कार्यमंत्रणा समिति की बैठक में दो दिन का एजेंडा तय हुआ। उन्होंने सभी दलों से सदन को शांतिपूर्ण ढंग से चलाने में सहयोग के अपील की है। एजेंडे के मुताबिक, बुधवार को वित्त मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल सदन पटल पर अनुपूरक बजट पेश करेंगे। विस सचिवालय को विधायकों के 614 प्रश्न प्राप्त हो चुके हैं।
हालांकि पहले दिन निधन पर शोक के चलते प्रश्नकाल नहीं हो पाएगा। लेकिन अगले दिन अपने और विरोधियों के प्रश्न सरकार के मंत्रियों के होमवर्क की परीक्षा ले सकते हैं। इस बीच सत्र की रणनीति को अंतिम रूप देने के लिए भाजपा और कांग्रेस विधायक मंडल दलों की बैठक हुई।
मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई विधायक मंडल दल की बैठक में मंत्रियों से पूरी तैयारी के साथ सदन में आने का आह्वान किया गया। उधर, कांग्रेस विधायक मंडल दल की बैठक में विपक्ष ने सदन में उठाए जाने वाले जनहित से जुड़े मुद्दों को धार दी।
विस सत्र के आयोजन की पूरी तैयारी है। कार्यमंत्रणा की बैठक में दो दिन का एजेंडा तय किया गया है। सभी सदस्यों से सदन की गरिमा के अनुरूप अपने क्षेत्र के विषय उठाने की आशा है। सर्वदलीय बैठक में सभी दलों के नेताओं से सदन को शांतिपूर्ण ढंग से चलाने में सहयोग की अपील की गई है।
-ऋतु खंडूड़ी भूषण, अध्यक्ष, विधानसभा
लंबे समय के बाद सत्र हो रहा है। सत्र की अवधि कुछ लंबी होनी चाहिए थी। सदस्यों के पास अपने क्षेत्र से जुड़े कई विषय हैं, जिनके सरकार को जवाब देने हैं। हम सरकार से सत्र की अवधि बढ़ाने की मांग करते हैं।
– यशपाल आर्य, नेता प्रतिपक्ष
कार्यमंत्रणा समिति की बैठक में एजेंडा तय हो गया है। हम आशा करते हैं कि सत्र शांतिपूर्ण ढंग से संचालित करने में सभी सदस्यों का पूरा सहयोग मिलेगा। सरकार सदस्यों के हर प्रश्न और विषय का जवाब देगी।
-प्रेमचंद अग्रवाल, संसदीय कार्य मंत्री
